गाल में छाले,मुंह में घाव को ना करें नजरअंदाज,कैंसर के शुरुआती लक्षणों में से एक है ये परेशानी

New Delhi: अगर ये कहा जाए कि भारत में मुंह के कैंसर के रोगियों की संख्या सबसे ज्यादा है तो क्या विश्वास करेंगे आप। शायद नहीं लेकिन ये बात सही है। भारत में बड़ी संख्या में लोग गुटखा, पान मसाले और सुर्ती का सेवन करते हैं। जो कि मुंह के कैंसर का बड़ा कारण होता है। ये किसी भी उम्र में किसी को भी हो सकता है। मुंह के कैंसर में हमारा शरीर कई तरह के संकेत देता है इसलिए जरूरी है कि आप पहले ही इन संकेतो के बारे में जान लें और बचा लें अपनी जिंदगी। जानिए क्या हैं वो संकेत और इससे बचने के तरीके।

मुंह के कैंसर की शुरुआत मुंह के अंदर सफेद छाले या छोटे-मोटे घाव से होती है। इसके साथ ही लंबे समय तक अगर मुंह के भीतर सफेद धब्बा, घाव, छाला रहता है, तो आगे चलकर यह मुंह का कैंसर बन जाता है। मुंह में दुर्गन्ध, आवाज बदलना, आवाज बैठ जाना, कुछ निगलने में तकलीफ होना, लार का अधिक या रक्त मिश्रित बहना जैसे लक्षण भी दिखते हैं।

स्मो’किंग करने वाले को कैंसर होने का खतरा ज्यादा रहता है। मुंह का कैंसर मुंह के अंदर जीभ, मसूड़ें, होंट कहीं भी हो सकता है। इसमें घाव, सूजन, लाल रंग, खून निकलने, जलन, सन्नता, मुंह में दर्द आदि जैसे लक्षण देखने को मिलते है।

इससे बचने के लिए कई सारे तरीके आजमा सकते हैं। जिसमें आपको ज्यादा मेहनत तो नहीं करनी पड़ेगी लेकिन अपने लाइफस्टाइल में थोड़ा सा बदलाव करने होगा। जैसे कि स्मो’किंग की आजत छोड़ दें। दिन में दो बार नियमित तरीके से अपना मुंह साप करें। साथ ही अपने खान-पीने के तरीके में भी थोड़े से सुधार करने होंगे जैसे कि ज्यादा से ज्यादा ताजा फलों का जूस पीएं। खाने में एक टाइम सलाद और ताजे फल भी खाएं।